भारत की आर्थिक नीतियों के नियंता मनमोहन हुए मौन
-ख्यालीराम पाण्डेय
राष्ट्रोक्ति वेब डेस्क : देश के 13वें प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह जी के निधन का समाचार जानकर कष्ट हुआ। वे 1991 से 2019 तक लगातार पांच बार आसाम से तथा 2019 से 2024 तक राजस्थान से राज्यसभा के सदस्य रहे। इस बीच पांच साल केंद्रीय वित्तमंत्री, दस साल देश के प्रधानमंत्री तथा 1998 से 2004 तक राज्यसभा में विपक्ष के नेता के पद पर भी आसीन रहे।1991 में माननीय नरसिंह राव जी ने प्रधानमंत्री का पद सम्हाला तो उन्हें वित्तमंत्री के रूप में अपने मंत्रिमंडल में शामिल किया तभी से मैं उनकी विद्वता तथा सादगी से अवगत हुआ।
पूर्व राष्ट्रपति श्री आर. वेंकट रमन साहब अपनी पुस्तक 'जब मैं राष्ट्रपति था' में लिखते हैं नवनिर्वाचित प्रधानमंत्री ने उनसे पूछा वित्तमंत्री के रूप में नियुक्ति के लिये ऐसे व्यक्ति का नाम सुझाइये जो आर्थिक जानकार हो पर राजनीतिज्ञ नहीं हो'। वेंकट रमन साहब ने डाक्टर म...
